शहडोल: मास्टर रोल से मनरेगा तक फैली भ्रष्टाचार की जड़ , भ्रष्टाचारी सचिव के आगे क्या??? बौने हुए जिम्मेदार
मास्टर रोल से मनरेगा तक फैली भ्रष्टाचार की जड़ ,
भ्रष्टाचारी सचिव के आगे क्या??? बौने हुए जिम्मेदार
शहडोल (संजय गर्ग) । अगर देखा जाए तो लगातार समाचार पत्र में सचिव की भ्रष्टाचार की कहानी सुनाई जा रही है पर किसी आला अधिकारी तक इस खबर को लेकर कान में जू तक का पता नहीं इसमें तो यह साबित होता है कि कहीं ना कहीं भ्रष्टाचार को होने में पूरा संरक्षण दिया जाता है,मामला सोहागपुर जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत खमरिया कला पंचायत सचिव सुग्रीव सिंह भ्रष्टाचार पे भ्रष्टाचार कर रहे हैं सितंबर 2022 से लेकर 2024 तक मनरेगा के अंतर्गत जितने भी कार्य पंचायत सचिव सुग्रीव सिंह के द्वारा कराए गए हैं सभी कार्यों में भारी अनिताओं के साथ-साथ शासकीय राशि का भरपूर गवन किया गया जिसकी जांच से खुलासा हो सकता है क्या हम सही बोल रहे हैं गलत और तो और शासन को बड़े पैमाने में शासकीय राशि की रिकवरी हो सकती है। आपको बता दें कि सचिव साहब का यही रवैया ग्राम पंचायत मझगंवा में भी था । यदि मनरेगा मास्टर रोल की विधिवत जांच उच्च स्तरीय पैमाने से होती है तो निश्चित तौर पर दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा और सचिव साहब को कोर्ट का दरवाजा खटखटाना पड़ जाएगा।
अमृत सरोवर तालाब में भी सचिव ने डकारे करोड़ रूपए
ददरा टोला में तलाब बनाना कहा तक उचित कहा तक गलत आपको बता दें कि कोरोना के समय कंट्रोल ट्रेंच का कार्य हो चुका था उसके बावजूद भी शासन के पैसे के दुरुपयोग करते हुए सन 2023 में तलाब का कार्य कराया गया अगर देखा जाए तो इस तलाब से 1 किलोमीटर की दूरी पर एक तलाब है उसके बावजूद भी यह तालाब क्यों बनवाया गया इसमें तो यह साबित होता है इसकी सिर्फ पैसे के चक्कर में यह तलाब निर्माण कार्य कराया गया है।
मास्टर रोल में चला परिवारवाद
खमरिया कला के सचिव, सरपंच, रोजगार सहायक के द्वारा मनरेगा के कार्य में इतना भ्रष्टाचार की सूत्रों की माने तो मास्टर रोल में सरपंच के पूरे परिवार का नाम कई सवालों को जन्म देता है, और तो और जो व्यक्ति शहडोल में काम कर रहे हैं उसका भी नाम मास्टर रोल में चढ़ा हुआ है चाहे वह मजदूर हो या नहीं पर मास्टर रोल के हिसाब से उसे मजदूरी बराबर मिल रही है जिसका खमियाजा उन मजदूरों भुगतना पड़ रहा है जो वहां मजदूरी करें हैं उनका पेमेंट ना में देकर फर्जी हाजिरी वालों को पेमेंट कर दिया गया पर यह भी मामला जिम्मेदारों के नजरों से कोसों दूर है।
जिम्मेदारों का उदासीन रवैया दे रहा कई सवालों को जन्म
ग्राम पंचायत खमरिया कला में व्यापक भ्रष्टाचार लगातार खबरों के माध्यम से जिम्मेदारों के वह जनता के समक्ष रखा जा रहा है बावजूद इसके जिम्मेदार कुम्भंकरणी निद्रा में लींन है ।
सवाल यह उठता है कि क्या सचिव के भ्रष्टाचार के आगे जिम्मेदारों की कार्यवाही की कलम पड़ी बेब्स ?????
इनका कहना
आपके द्वारा मेरे संज्ञान में यह मामला आया है मैं जांच टीम गठित कर इस पूरे मामले की प्राथमिकता से जांच करवाऊंगी और अनियमितताएं पाए जाने पर शासकीय राशि की रिकवरी एवं उचित कार्यवाही की जाएगी ।
ममता तिवारी (सीईओ) जनपद पंचायत सोहागपुर जिला शहडोल म. प्र.
