जयसिंहनगर:ना बची है पुलिया ना बची है नाली” पुजेरी के भ्रष्टाचार का क्या उपयंत्री उठा रहा जिम्मेदारी ,प्रधानमंत्री रोड का वेंडर खोलेगा राज , बरकछ के भ्रष्टाचार का भाग- 3 , आखिर कब भ्रष्टाचारियों के कान में बजेगी कार्यवाही की बीन
“ना बची है पुलिया ना बची है नाली” पुजेरी के भ्रष्टाचार का क्या उपयंत्री उठा रहा जिम्मेदारी ,
प्रधानमंत्री रोड का वेंडर खोलेगा राज
बरकछ के भ्रष्टाचार का भाग- 3 , आखिर कब भ्रष्टाचारियों के कान में बजेगी कार्यवाही की बीन
जयसिंहनगर( संजय गर्ग) । लगातार भ्रष्टाचार का पुलिंदा बना हुआ ग्राम पंचायत बरकछ जहां पर सरपंच सचिव के द्वारा भ्रष्टाचार की सारी सीमाओं को लांघ दिया गया है।
दरअसल उक्त ग्राम पंचायत में अनेकों भ्रष्टाचारी एक साथ तालमेल बनाकर पंचायत में सेंध लगाने का काम कर रहे हैं।
फिर चाहे वह जनपद पंचायत जयसिंहनगर में पदस्थ उपयंत्री रहीसुद्दीन सिद्दीकी हो या फिर ग्राम पंचायत में सरपंच दादूराम कोल हो , प्रभारी सचिव के पद पर पदस्थ पुजेरी प्रसाद मिश्रा हो या फिर फर्जी ट्रेडर्स का बिल लगाकर पंचायत से लगातार फर्जी राशि आहरण कर रहे विकास चतुर्वेदी हो यह सभी भ्रष्टाचारियों सिंडिकेट बनाकर एक के बाद एक ग्राम पंचायत में हो रहे निर्माण कार्यों में व्यापक अनियमिताओं को अंजाम दे रहे।
पिछले भाग में हमने आपको बताया कि किस तरीके से पंचायत में अनुभव ट्रेडर्स का फर्जी बिल लगाकर पंचायत से राशि का आहरण किया जा रहा है।
आज हम आपको बताएंगे की समस्त भ्रष्टाचारियों के द्वारा कैसे सिंडिकेट बनाकर ग्राम पंचायत के विभिन्न कार्यों में भ्रष्टाचार को अंजाम दिया गया है।
पुलिया निर्माण में शासन को लगाया लाखों का चुना
दरअसल ग्राम पंचायत बरकछ के अंतर्गत वर्ष 2022-23 में करौंदिया नाला बिरझू कोल के घर पास पुलिया निर्माण का कार्य कराया गया जिसकी प्रशासनिक स्वीकृति 14.90 लाख है जिसमें पंचायत के सरपंच सचिव के द्वारा पुलिया का निर्माण कर प्रशासन द्वारा बनाए गए एस्टीमेट के आधार पर नहीं किया गया।अपितु अमानक तौर पर दो से ढाई सूत की छड़ में पुलिया का निर्माण कराया गया साथ ही गुणवत्ता विहीन तरीके से अमानक सीमेंट व रेत का उपयोग कर शासन को लाखों का चुना पंचायत सचिव एवं सरपंच व उपयंत्री द्वारा लगाया गया। दरअसल भ्रष्टाचार कैसे पूरे खेल में जनपद पंचायत जयसिंहनगर में पदस्थ उपयंत्री ने पंचायत के भ्रष्टाचारियों का बखूबी साथ निभाया। जिसकी वजह से लगभग 14 लाख की निर्माणाधीन पुलिया भ्रष्टाचार के अधीन हो गई है।
उसकी जांच होने पर भ्रष्टाचारियों को इसका भुगतान करना पड़ सकता है।
नाली निर्माण में भी भ्रष्टाचारियों ने किया घपला
सरपंच , सचिव एवं उपयंत्री द्वारा हनुमान टोला बरकछ में लगभग 300 मीटर की नाली निर्माण का कार्य को भी भ्रष्टाचार का गढ़ बना दिया दरअसल प्रशासनिक स्वीकृति के एस्टीमेट को दरकिनार कर सचिव व उपयंत्री के द्वारा दो-दो फीट पर छड़ का उपयोग किया जा रहा जबकि चार से पांच इंच के अंतराल में छड़ डाला जाना चाहिए था साथ ही नाले निर्माण में गुणवत्ता विहीन मटेरियलों का उपयोग कर निर्माण कार्य कराया गया।
उपयंत्री की संदिग्ध है कार्य प्रणाली
लगातार ग्राम पंचायत बरकछ के अंतर्गत विभिन्न निर्माण कराई जा रहे हैं जिसमें जनता पंचायत के उपयंत्री की कार्य प्रणाली पूर्णता संदिग्धता के दायरे में है ग्रामीणों ने बताया कि नाली निर्माण से लेकर पुलिया निर्माण तक लगातार उपयंत्री के सह पर पंचायत के जिम्मेदारों द्वारा घटिया निर्माण कार्य कराया जा रहा है भ्रष्टाचार करने के उद्देश्य से उप यंत्री ने सचिव व सरपंच से गांठ जोड़ की है।
बार-बार शिकायत करने के बावजूद भी नाली निर्माण कार्य में उपयंत्री ने किसी भी प्रकार का कोई कार्यवाही अपने स्तर से नहीं की ।
जिससे ऐसा प्रतीत होता है कि कहीं ना कहीं उपयंत्री भ्रष्टाचार के खेल में सचिव पुजेरी प्रसाद मिश्रा पूरा साथ निभा रहे हैं।
वेंडर से निकाले 57 हजार
वर्ष 2022-23 में सरपंच एवं प्रभारी सचिव के द्वारा प्रधानमंत्री रोड में लगी झाड़ियां की साफ सफाई हेतु 57 हजार रुपए की राशि वेंडर के खाते में डालकर राशि का आहरण कर लिया गया जबकि प्रधानमंत्री रोड में किसी भी प्रकार का कार्य ग्राम पंचायत को करने का अधिकार नहीं है। सरपंच एवं सचिव के द्वारा कार्य न करा कर फर्जी तरीके से राशि का आहरण कर लिया गया है।
जांच से खुलेगा खेल भ्रष्टाचारी जाएंगे जेल
अन्य और भी कई मुद्दे ग्राम पंचायत बरकछ से जुड़े हुए हैं और कई निर्माण कार्य भी ऐसे हैं जिनका हमारी टीम द्वारा स्थल पर जाकर निरीक्षण किया गया जिस पर विस्तार पूर्वक चर्चा अगले अंक में की जाएगी फिलहाल तो इतने ही भ्रष्टाचार की यदि बड़ी बारीकी से जांच हो जाती है तो निश्चित ही भ्रष्टाचारियों को जेल जाने से कोई नहीं बचा सकता है।
प्रशासनिक प्रतिक्रिया
1 . जो भी शिकायतें इस प्रकार की हो रही है वह सब झूठी हैं।
अशोक मरावी
(प्रभारी सीइओ)
जनपद पंचायत जयसिंहनगर जिला शहडोल
2 . कोई भी ऐसा कार्य नहीं हुआ है यह सब चलता रहता है अब आपने पूरी जांच कर ली है तो मैं इसमें क्या बोल सकता हूं।
बाकी ऐसा कुछ भी नहीं हुआ है।
रहीसुद्दीन सिद्दीकी (उपयंत्री) जनपद पंचायत जयसिंहनगर जिला शहडोल
