शहडोल:अपनी पुश्तैनी जमीन पर अवैध कब्जा हटवाने के लिए वर्षों से पापड़ बेलने पड रहे पीड़ित को , शिक्षक का गुंडाराज भूमाफिया बन कर , कर रहा अवैध कब्जा ।
अपनी पुश्तैनी जमीन पर अवैध कब्जा हटवाने के लिए वर्षों से पापड़ बेलने पड रहे पीड़ित को,
शिक्षक का गुंडाराज भूमाफिया बन कर, कर रहा अवैध कब्जा

शहडोल (संजय गर्ग) । प्रदेश की सरकार की पहल पर भू माफियाओं और अवैध कब्जा धारियों पर कार्यवाही के लिए तरह-तरह के उपाय किए जा रहे हैं, हालांकि कार्यवाही भी लगातार जारी है पर अधिकारियों की उपेक्षा के चलते सब दम तोड़ता नजर आ रहा है, तहसील सोहागपुर में ऐसे ही भू माफियाओं सरीखे दबंगों से अपनी निजी भूमि को पाने की जद्दोजहद में आज भी पीड़ित अधिकारियों की ओर टकटकी लगाए देख रहे हैं। दुर्भाग्य की बात क्या है कि अपनी ही भूमि को बचाने के लिए पीड़ित अधिकारियों के चक्कर काट कर थक चुका है लेकिन उसे राहत की कोई उम्मीद कहीं भी दिखाई नहीं दे रहे है ऐसे हालातों में अब हर दरबार में दस्तक देकर न्याय की गुहार लगा रहा हैं। प्रदेश की सरकार द्वारा सरकारी एवं निजी सम्पत्तियों पर अवैध कब्जा करने की शिकायतों के निस्तारण के लिए कई प्रयास जारी है कि ऐसे तमाम दबंग अतिक्रमणकर्ताओं / भूमाफियाओं को चिन्हित कर उनके विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही किया जाने का मन बनाया है ताकि जनमानस में सुरक्षा की भावना उत्पन्न हो। सार्वजनिक एवं निजी भूमि पर भू-माफियाओं द्वारा अवैध कब्जे के प्रकरणों में जनसामान्य को अपनी शिकायत सुगमतापूर्वक दर्ज कराने, शिकायत पर कृत कार्यवाही की जानकारी प्राप्त हो एवं न्याय मिल सके।
क्या है पूरा मामला…

आवेदक सुरेंद्र तिवारी ने बताया कि आत्माराम शुक्ला व उमेश पांडे जोकि सरकारी शिक्षक हैं इनके द्वारा सन 2018 में मेरे पिता बिंदु राम तिवारी निवासी सोहागपुर बाडगंगा मेला मैदान वार्ड नंबर 17 के खसरा नंबर, 298/2/1 का लगभग 6000 स्क्वायर फिट का एग्रीमेंट कराया था, फिर पुनः उसी जमीन को मेरे भाई प्रमोद तिवारी से 2020 में पावर ऑफ अटॉर्नी अपने नाम पर करवा लिए, पर लेन-देन में कुछ विवाद होने के कारण प्रमोद तिवारी द्वारा शिक्षक आत्माराम शुक्ला को पैसा वापस कर दिया गया, अब शिक्षक आत्माराम शुक्ला एवं शिक्षक उमेश पांडे द्वारा खसरा नंबर 300 में बाउंड्री वॉल कराकर अवैध कब्जा कराया जा रहा है, जबकि वर्ष 2022 23 में मैं इस भूमि की रजिस्ट्री करा चुका हूं, और यह भूमि मेरे पिता बिंदु राम तिवारी के द्वारा मुझे पावर ऑफ अटॉर्नी देकर देखभाल एवं क्रय विक्रय करने का अनुमति दे रखा है, आवेदक का कहना है कि कलेक्टर शहडोल को 2021 में भी शिकायत कर अवगत कराया गया था की आत्मा राम शुक्ला पर कार्यवाही करें पर आज दिनांक तक कार्यवाही ना होने पर जिसका नतीजा सामने देखने को मिल रहा है, अब देखना यह है कि क्या यह मामला सिर्फ फाइलों तक सीमित रह जाएगा या फिर आवेदक को न्याय मिलेगा।
