शहडोल :आखिर क्यों नहीं जारी हो रहा पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जनपद उपाध्यक्ष के जिला बदर का प्रस्ताव , आधा दर्जन से ज्यादा अपराधों में उपाध्यक्ष की संलिप्ता
आखिर क्यों नहीं जारी हो रहा पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जनपद उपाध्यक्ष के जिला बदर का प्रस्ताव,
आधा दर्जन से ज्यादा अपराधों में उपाध्यक्ष की संलिप्ता
शहडोल (संजय गर्ग) । आपको बता दें कि जनपद उपाध्यक्ष शक्ति सिंह के ऊपर आधा दर्जन से ज्यादा प्रकरण न्यायालय में विचाराधीन है। बावजूद इसके पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जिला बदर का जो प्रस्ताव कलेक्टर को जारी किया जाता है उसे पर अब तक उपाध्यक्ष का नाम नहीं चढ़ा है।
जो की कहीं ना कहीं सत्ताधारी दल के दबाव का प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष प्रमाण माना जा सकता है।
अगर देखा जाए तो लगातार अपराधियों पर जिला बदर की कार्यवाही हो रही है क्या यह कार्यवाही सिर्फ छोटे-मोटे गुंडे बदमाशों की है, या फिर सफेदपोसो गुंडो को भी जिला बदर किया जाएगा जनपद पंचायत सोहागपुर के जनपद उपाध्यक्ष शक्ति सिंह भी कई अपराधों में सलिप्त हैं, और उपाध्यक्ष के नकाब में कई अपराध एवं भ्रष्टाचार को आए दिन जन्म दे रहे हैं ज्ञात होगी उपाध्यक्ष साहब को भी एक वर्ष के लिए जिला बदर किया जा चुका है, पर साहब द्वारा अपराध बंद नहीं किया गया नाम तेरा गांव मेरा के तर्ज पर काम किया जा रहा है, और सफेदपोस में साहब मलाई छान रहे हैं, सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार अगर इनके काम में कोई आड़े आता है तो भाई को आगे कर मामला को रफा दफा करवा दिया जाता है चाहे वह फिर काम बात से बने या फिर गुंडई से साहब सब में आगे है, थाना सोहागपुर से लेकर कोतवाली शहडोल तक साहब का डंका बजता है पर साहब भाजपा के जनपद उपाध्यक्ष हैं, तो कार्यवाही के लिए एक बार सोचना तो पड़ेगा ही,
जब इस मामले में कलेक्टर वंदना वैद्य से दूरभाष के माध्यम से संपर्क साधा गया तो उनकी प्रतिक्रिया कुछ इस प्रकार रही।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय से हमारे पास प्रतिवेदन आते हैं इस आधार पर हम परीक्षण कर जिला बदर की कार्यवाही करते हैं। यदि ऐसा कोई प्रस्ताव हमारे पास आता है तो निश्चित ही कार्रवाई की जाएगी ।
वंदना वैद्य
कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट जिला शहडोल (मध्य प्रदेश)
