S.K. Paswan
ब्रेकिंग न्यूज़
शहडोल :गरीब और मध्यमवर्गी लोगों के लिए कहीं सपना तो नहीं हो जाएगी मिठाई , त्योहारों की सेज पर महंगाई... शहडोल : स्थल से गायब सूचना पटल , निर्माण कार्य में लग रहे रेत की वैध टीपी पर भी उठे सवाल ,एक करोड़ 5... शहडोल / जयसिंहनगर :तत्कालीन एपीओ की जांच , बनी सवाल ?? ,आखिर कैसे मीना के नाम पर तालाब स्वीकृत कराकर... शहडोल / गोहपारु : 3 वर्षों से लगातार बोर्ड परीक्षा में रहे शत प्रतिशत परिणाम , जन विश्वास अभियान के ... पाली: पाली-नौरोजाबाद की बदहाल हाईवे सड़क पर युवा टीम उमरिया का बड़ा कदम, एसडीएम को सौंपा पत्र शहडोल : विधायक  जयसिंह  ने एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय जैतपुर का किया आकस्मिक निरीक्षण शहडोल : हर - हर महादेव के जयकारे से गुंजा शहडोल नगर , भक्तों ने निकाली महादेव की भव्य कावड़ यात्रा ,... रसमोहनी : राष्ट्रध्वज को सलामी देकर , वंदे मातरम एवं भारत माता की जय के लगाए नारे , शासकीय उच्चतर मा... शहडोल / जयसिंहनगर : सचिव पति ने पत्नी के नाम से ही स्वीकृत करा लिया लघु तालाब सचिव पत्नी , मीना के न... बुढ़ार / जैतपुर : सुस्त अफसर शाही की सेज पर सज रहा मौत का फरमान ,रोड पर बैठकर धड़ल्ले से प्रैक्टिस (...

शहडोल : कलेक्टर… ! बदमाशों को बक्शा नही जायेगा होगी कार्यवाही ,ब्लॉकों में साहब गिरी का मायाजाल , वर्षो से विद्यालय छूटा , प्रतिनियुक्ति वाले सुस्त मुर्गे छान रहे मलाई….. साहब इनकी कब होगी रिहाई 

0 478

कलेक्टर… ! बदमाशों को बक्शा नही जायेगा होगी कार्यवाही ,

ब्लॉकों में साहब गिरी का मायाजाल , वर्षो से विद्यालय छूटा , प्रतिनियुक्ति वाले सुस्त मुर्गे छान रहे मलाई….. साहब इनकी कब होगी रिहाई 

 

शहडोल (निशांत संजय गर्ग) । जिले में अधिकारियों की कार्यशैली इस समय बड़ा सवाल बनी हुई है। कारण कार्यवाही का तरीका है या फिर अपनी पीठ बचाने का तरीका अपने म्यान में कार्यवाही की तलवार रखने वाले शहडोल के अधिकारी जरा इस बात का जवाब तो दे कि क्या इनकी कार्यवाही की तलवार सिर्फ मुंह देखा व्यवहार करती है या फिर सचमुच कार्य उदासीनता को लेकर कर्मचारियों को दंडित करती है।

बीते दिनों बुढार विकासखंड के अंतर्गत अकादमीक शिक्षक मनोज शुक्ला को 52 वर्ष के ऊपर होने एवं प्रतिनियुक्ति में सालों से टिके रहने के चलते उन्हें अकादमीक शिक्षक के पद से पृथक कर दिया गया।

सीएम हेल्पलाइन में दर्ज शिकायत के अनुरूप मनोज शुक्ला के ऊपर की गई इस कार्यवाही ने शिक्षा विभाग और जिला शिक्षा केंद्र के मिशन के ऊपर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है।

की क्या यह कार्रवाई सिर्फ मनोज के लिए थी या फिर मिशन के उन सुस्त मुर्गों पर भी एक कार्रवाई लागू होती है जो सालों से शासन की कमाई को ऐसे चुनकर खा रहे हैं जैसे की भैंस के पीठ पर बगुला ।

सालों तक विद्यालय का नहीं देखा मूंह

विश्वस्त सूत्रों कि माने तो प्रतिनियुक्ति वाले जन शिक्षकों ऐसे हैं कि जब से उन्होंने जन शिक्षक एवं अकादमीक शिक्षक के पदों को पाया है तब से विद्यालय में पढ़ाना लिखना छोड़ साहब गिरी का झोला लेकर अपने-अपने क्षेत्र में कर्मठता से कार्य कर रहे शिक्षकों के ऊपर साहब गिरी का नुमाइंदा पेश कर रहे हैं। जिस पर विभाग द्वारा कोई कार्यवाही क्यों नहीं की जाती है।

इसका जवाब कौन देगा। ना कभी स्कूल में अनुवर्तन करना ना समय से विद्यालय जाना बस घर बैठे बैठे इनका अनुवर्तन हो जाता है।

अन्य 52 वर्षीय शिक्षकों चिन्हित कर करें मुक्त

जिला शिक्षा केंद्र के सर्व शिक्षा अभियान के तहत किस प्रकार मनोज के ऊपर कारवाई की गई ठीक उसी प्रकार जिले के समस्त ब्लॉकों में प्रतिनिधि वाले जन शिक्षकों चिन्हित कर जो की 52 वर्ष से ऊपर हो चुके हैं उन्हें भी मुक्त किए जाने की मांग हो रही है।

विद्यालयों में जाकर अनुभव साझा करें

हालांकि यह मांग इसलिए भी सही है क्योंकि 52 वर्ष से ऊपर एवं प्रतिनियुक्ति में 4 साल का यह नियम के तहत यदि देखा जाए तो ऐसे जन शिक्षकों को कार्य मुक्त कर विद्यालय में बच्चों से अपने शैक्षिक जीवन एवं ज्ञान का अनुभव साझा करने के लिए भेजा जाए जिससे बच्चे उनके ज्ञान और अनुभव का अनुसरण कर अपने भविष्य को बेहतर बना सकें।

कार्य मुक्त की शुरुआत इनसे

वही सर्व शिक्षा अभियान जिला शिक्षा केंद्र के अंतर्गत चिन्हित प्रक्रिया को पूर्ण करने में यदि दिक्कत हो रही है तो कुछ का सहयोग हम भी कर देते हैं। यदि कर मुक्ति की कार्यवाही की जाए तो सबसे पहले।

शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय जैतपुर बुढार ब्लॉक में रविंद्र शर्मा जो कि लंबे समय से प्रतिनियुक्ति का मजा ले रहे हैं।

इसी कड़ी में सोहागपुर ब्लॉक में हरराटोला के सिपाही सिंह , वही बुढ़ार ब्लॉक के साखी में पदस्थ लक्ष्मण सिंह , सीएससी राम चरण , बुढार विकासखंड में , सुरेंद्र बारगाही , जयसिंहनगर विकासखंड में मॉडल स्कूल में पदस्थ सीएससी सुनील राव इसी तरीके से और भी कई नाम हमारे पास मौजूद है जो कि सालों से विद्यालय में पढ़ाने के बजाय साहब गिरी कर मलाई छान रहे हैं।

अब देखना होगा की नाम सामने आने के बाद भी क्या इन पर कार्रवाई की जाएगी या नहीं।

इनकी प्रतिक्रिया

इस संबंध में जब जिला कलेक्टर से बात की गई तो उनका कहना था कि जो भी प्रतिनियुक्तयां है और उन्हें विद्यालय के कार्य के अतिरिक्त यह कार्य दिया गया है यदि इसमें कोई भी बदमाशी करेगा तो उस पर कार्यवाही की जाएगी।

केदार सिंह (कलेक्टर) जिला शहडोल।

Leave A Reply

Your email address will not be published.