बुढ़ार : चोर – चोर मौसेरे भाई के तर्ज पर चल रहा खेल , पंचायत के भ्रष्टाचार में क्या है मोनू का क्रॉस कनेक्शन , अधिकारियों के उदासीन रवैया से परेशान फरियादी ने कमिश्नर से लगाई न्याय की गुहार , मामला बहगड़ पंचायत का
चोर – चोर मौसेरे भाई के तर्ज पर चल रहा खेल ,
पंचायत के भ्रष्टाचार में क्या है मोनू का क्रॉस कनेक्शन ,
अधिकारियों के उदासीन रवैया से परेशान फरियादी ने कमिश्नर से लगाई न्याय की गुहार ,
मामला बहगड़ पंचायत का
बुढ़ार (संजय गर्ग)। लगातार अखबारों के पन्ने पर सुर्खियां बटोरता चला आ रहा जनपद पंचायत बुढार के अंतर्गत ग्राम पंचायत बहगड़ का मामला जिस पर ग्राम पंचायत के पंचों ने लगातार जनपद सीईओ से लेकर जिला पंचायत सीईओ तक अपनी बात पहुंचाने का प्रयास किया लगातार तथा कथित ग्राम पंचायत के विपक्ष में शिकायत पत्र जनपद और जिला सीओ को प्राप्त होते रहे।
किंतु आज दिनांक तक उन पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
जनपद और जिला सीईओ की टेबल पर धूल खाता तथाकथित ग्राम पंचायत का मामला जिस पर ग्राम पंचायत के पंचों को कोई न्याय नहीं मिला जिसके बाद मामला आयुक्त संभाग अतिरिक्त कमिश्नर बीएस जामोद के समक्ष जा पहुंचा है ।
जहां पर कमिश्नर से न्याय की फरियाद लगाते हुए फरियादी कमिश्नर कार्यालय में पहुंचता है एवं इस पूरे मामले मे शिकायत पत्र देता है।
यह है पूरा मामला
आवेदक पूर्व उसरपंच चेतन प्रसाद प्रजापति के द्वारा बताया गया कि ग्राम पंचायत बहगड़ में सरपंच सचिव एवं रोजगार सहायक के द्वारा लगातार निर्माण कार्यों में भारी अनियमिताओं को अंजाम दिया जा रहा है।
उसने बताया कि तथाकथित ग्राम पंचायत में सरपंच पति गंगाराम बैगा जो की खुद प्राथमिक शिक्षक होते हुए पंचायत के कामों में दखलअंदाजी करता है ।
आवेदन में उल्लेख के अनुसार लगातार सरपंच पति एवं रोजगार सहायक के द्वारा शासकीय राशि का गवन किया जा रहा है।
पुरे पंचायत में लघु तालाबों के निर्माण कार्य में बड़ा घोटाला पंचायत के जिम्मेदारों द्वारा किया गया
अपुष्ट सूत्र की माने तो हाल ही में रोजगार सहायक के पद से शारदा जोगी उर्फ गोलू को हटा दिया गया है ।
गंगा के राज में मोनू का काम – काज
फरियादी द्वारा दिए गए कथन के अनुसार तथाकथित ग्राम पंचायत में सरपंच पति गंगाराम को किसी सुनील मिश्रा उर्फ मोनू महाराज नामक व्यक्ति का संरक्षण है जिसके बल पर पुरे पंचायत में सरपंच पति के द्वारा आकूत भ्रष्टाचार मचाया गया है।
दरअसल सुनील मिश्रा उर्फ मोनू महाराज तथाकथित व्यक्ति पंचायत में ठेकेदारी करता है ।
जिसके लाखों के बिल पंचायत में पेंडिंग हैं और ऐसे कई कारनामे में इस व्यक्ति के हमारे पास हैं जिस पर किसी और दिन विस्तार से चर्चा की जाएगी ।
ग्राम पंचायत अंतर्गत बनी पीसीसी रोड में मोनू महाराज एवं किसी शुक्ला नामक व्यक्ति के द्वारा पीसीसी रोड का निर्माण कराया गया जिसका 18 लाख रुपए का बिल अब तक पंचायत से नहीं पास हुआ है।
और ऐसे ना जाने कितने निर्माण कार्यों में सुनील मिश्रा उर्फ मोनू महाराज के द्वारा घटिया निर्माण कर शासकीय राशि में सेंध मारी गई है।
जिसकी जांच जिला पंचायत सीईओ एवं जनपद सीईओ को जांच करने की फुर्सत नहीं जिसके चलते फरियादी ने कमिश्नर से इस पूरे मामले की शिकायत की है।
कर्तव्यों से विमुख होते जिम्मेदार
फरियादी द्वारा बताया गया कि उसने लगातार तथाकथित ग्राम पंचायत में हो रहे इस पूरे भ्रष्टाचार के मामले को सीईओ जिला पंचायत राजेश जैन और जनपद सीईओ मुद्रिका सिंह पटेल को मामले से अवगत कराया गया किंतु अब तक दोनों ही अधिकारियों के द्वारा उदासीन रवैया के चलते मामले में कोई वैधानिक कार्रवाई नहीं की ना ही मामले में कोई रुचि दिखाई जिससे कहीं ना कहीं दोनों अधिकारी संध्यास्पद दृष्टिकोण से इस पूरे मामले में दिखाई दे रहे हैं।
जिस पर फरियादी ने दोनों ही अधिकारियों की शिकायत कमिश्नर से की है और पूरे मामले में न्याय की मांग की।
प्रशासनिक प्रतिक्रिया
इस संबंध में जब जनपद पंचायत बुढार के सीईओ से बात करनी चाहिए तो उनके द्वारा फोन रिसीव नहीं किया गया।
मुद्रिका सिंह पटेल (सीईओ) जनपद पंचायत बुढार जिला शहडोल
