शहडोल : एक तरफ मुख्यमंत्री दिखा रहे शहडोल – नागपुर ट्रेन को हरी झंडी , दूसरी ओर रेलवे प्रबंधन की नाकामी से संभाग के एक दर्जन से अधिक रेलवे स्टेशन जन सुविधाओं से वंचित
एक तरफ मुख्यमंत्री दिखा रहे शहडोल – नागपुर ट्रेन को हरी झंडी,
दूसरी ओर रेलवे प्रबंधन की नाकामी से संभाग के एक दर्जन से अधिक रेलवे स्टेशन जन सुविधाओं से वंचित
शहडोल (संजय गर्ग) । विंध्य पुन निर्माण मंच के प्रभारी पंडित जयप्रकाश नारायण गर्ग के द्वारा मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नाम ज्ञापन देते हुए बताएं कि किस प्रकार संभाग में एक दर्जन से अधिक रेलवे स्टेशन मूलभूत जन सुविधाओं से वंचित हैं। श्री गर्ग के द्वारा बताया गया कि आदिवासी शहडोल संभाग में वेंकट नगर से लेकर के विलायत कला तक शहडोल संभाग के एक दर्जन से अधिक रेलवे स्टेशन आते हैं सभी के सभी स्टेशन जन सुविधाओं से वंचित हैं। यहां तक की संभागीय मुख्यालय का रेलवे स्टेशन यात्री सुविधाओं के लिए मोहताज है।
रेलवे प्रबंधन लगातार करता उपेक्षा
यहां का अभावग्रस्त यात्री प्रतीक्षालय सुविधाओं के विस्तार, प्लेटफार्म का विस्तार की आवश्यकता है जो कई दिनों से लंबित है इसके अलावा यहां कई बार दो स्टेशनों को जोड़ने वाली सीढी के साथ वृद्धजनों और मरीजों की सुविधा देखकर रैंप की मांग की गई जो आज तक पूरी नहीं हुई । संभागीय मुख्यालय पर यात्रियों की भीड़ बढ़ने के कारण प्लेटफार्म नंबर दो पर भी एक टिकट विंडो की आवश्यकता जनता के द्वारा प्रतिपादित की जा रही है।
लेकिन रेलवे प्रबंधन लगातार उपेक्षा करता है।
प्रबंधन के उदासीन रवैया से रेलवे कर्मचारी की कार्य क्षमता पर असर
रेलवे फाटक से लगे हुए अंडरब्रिज का काम बहुत धीमी गति से चल रहा है जिसे आवश्यकता अनुसार गति प्रदान की जानी चाहिए । इसके अलावा रेलवे कॉलोनी में आवासीय सुविधाओं का अभाव चिकित्सा सुविधा का अभाव, खेल मैदानों की जर्जर अवस्था के प्रति भी प्रबंधन उदासीन रवैया अपना रहा है जिसका सीधा असर रेलवे कर्मचारियों की कार्य क्षमता पर स्पष्ट दिखाई पड़ता है प्रतिदिन यात्रियों से वाद विवाद की स्थिति निर्मित होती रहती है।
उपभोक्ताओं को उपलब्ध कराया जाए नए कोच
श्री गर्ग बताया गया कि। उपभोक्ताओं द्वारा मांग की जाती है कि यात्री गाड़ियों को निर्धारित समय और संख्या के अनुसार चलाया जाए । शहडोल प्रखंड रेलवे प्रबंधन को कोयला बॉक्साइट और अन्य वस्तुओं के परिवहन से करोड़ों रुपए का राजस्व उपलब्ध कराता है फिर भी इस क्षेत्र का रेल उपगोक्ता अमाव के दौर से गुजर रहा है यहां तक की प्रतिदिन चलने वाली नर्मदा एक्सप्रेस के कोच वर्षों से नहीं बदले गए ऐसा लगता है कि आगे भी यह सृष्टि रहने तक उन्हें न बदल जाएगा लोगों में काफी रोष है जहां दूसरी ट्रेनों में नए कोच लगे हैं। वही इस क्षेत्र में पुराने कोचों से काम चलाया जा रहा है कि नए कोच शीघ्र उपलब्ध कराये जाए। अमलाई, अनूपपुर, जैतहरी बुढार, पाली, नौरोजाबाद, उमरिया व चंदिया स्टेशनों पर यात्रियों को मिलने वाली सुविधाओं में विस्तार करने की नितांत आवश्यकता है। कटनी जंक्शन में प्रवेश पूर्व सभी ट्रेनों को अनावश्यक खडा किया जाता है जो अत्यन्त खेद जनक है । साथी विंध्य पुण्य निर्माण मंच द्वारा मुख्यमंत्री से यह आप लगाई है कि शहडोल संभाग के रेलवे संबंधित समस्याओं को उनके द्वारा हल किया जाएगा।
