S.K. Paswan
ब्रेकिंग न्यूज़
शहडोल : स्वर्गीय राजाराम अवस्थी  की द्वितीय पुण्यतिथि पर होगा भंडारे का आयोजन शहडोल: कुंभकर्णी निद्रा या गांधी जी की मुद्रा???? से मौन हुए जिम्मेदार , खबर के बाद प्रशासन के हरकत... शहडोल : शासन ने कहा ‘दैनिक वेतन नियुक्ति नहीं’, बकहो में फिर भी 53 नियुक्तियां! , 89 दिन की स्वीकृत... शहडोल : सेवा सेतु अभियान के तहत हितग्राहियों को मिला योजना का लाभ शहडोल : शिकायतों का फर्जी निराकरण कर खुद की पीठ थपथपा रहा पीडब्ल्यूडी, देव कंस्ट्रक्शन ने करोड़ों के... शहडोल : जिला काँग्रेस कमेटी ने मनाई राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्... शहडोल :पीएम विश्वकर्मा योजना के तहत पार्षद सिल्लू रजक ने माया रजक को प्रदान की वाशिंग मशीन, आत्मनिर्... शहडोल : अपरसत्र न्यायाधीश ने कहा सत्य का मार्ग अटल होना चाहिए , गांधी जयंती के अवसर पर विभिन्न कार्... शहडोल : विद्यालयों में जीवन कौशल शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने सीएसी हुए प्रशिक्षित शहडोल : चार माह शेष, सेवानिवृत्ति की आहट और विभागीय फैसलों पर सवाल , एक अधीक्षिका को दो छात्रावासों...

शहडोल : कांग्रेस द्वारा मनाई गई इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि एवं वल्लभभाई पटेल की जयंती

0 282

कांग्रेस द्वारा मनाई गई इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि एवं वल्लभभाई पटेल की जयंती

शहडोल । जिला काँग्रेस कमेटी शहडोल के जिलाध्यक्ष अजय अवस्थी की अध्यक्षता मे जिला काँग्रेस द्वारा काँग्रेस भवन मे भारत की प्रथम महिला प्रधानमंत्री, भारत रत्न स्वर्गीय श्रीमती इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि एवं लौह पुरुष भारतरत्न स्वर्गीय वल्लभभाई पटेल की जयंती मनाई गई।सर्वप्रथम इंदिरा जी एवं वल्लभभाई पटेल की तस्वीर पर माल्यार्पण कर धूप दीप प्रज्वलित किया गया, तत्पश्चात वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं अजय अवस्थी,राकेश कटारे,नीरज द्विवेदी,कुलदीप निगम, विष्णु सिंह के द्वारा इंदिरा जी एवं वल्लभभाई पटेल जी की जीवनी एवं उनके द्वारा देश हित मे किए गए बलिदान व योगदान पर अपने – अपने विचार व्यक्त किए गए।जिलाध्यक्ष अजय अवस्थी ने कहा कि, 31 अक्टूबर यह तारीख भारत के इतिहास में एक गहरा निशान छोड़ती है। यही वह दिन है जब देश ने अपनी पहली महिला प्रधानमंत्री, इंदिरा गांधी को खो दिया था। वे सिर्फ़ एक नेता नहीं थीं, बल्कि भारत की राजनीतिक दृढ़ता, महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की प्रतीक थीं। उनका जीवन संघर्ष, निर्णय और दूरदर्शिता का अद्भुत संगम था जिसने भारत को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दी। जब देश आर्थिक संकट और अस्थिरता से जूझ रहा था, तब इंदिरा गांधी ने मजबूत नेतृत्व के साथ भारत की बागडोर संभाली। साल 1966 में वह देश की पहली महिला प्रधानमंत्री नियुक्त हुईं,उनके नेतृत्व में भारत ने पाकिस्तान को हराया और बांग्लादेश का जन्म हुआ। इस विजय ने उन्हें आयरन लेडी  बना दिया।इंदिरा गांधी ने 1974 में भारत को परमाणु शक्ति संपन्न देशों की श्रेणी में खड़ा किया। यह भारत के आत्मनिर्भर होने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम था।उन्होंने कृषि क्षेत्र में बड़े सुधार किए, जिससे भारत खाद्यान्न उत्पादन में आत्मनिर्भर हुआ।इंदिरा जी ने बैंकों का राष्ट्रीयकरण किया। इस फैसले ने आर्थिक असमानता को घटाने और गरीबों को वित्तीय सशक्तिकरण देने में मदद की।जिलाध्यक्ष अजय अवस्थी ने भारत रत्न वल्लभ भाई पटेल जी के बारे मे कहा कि, लौहपुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल स्वतंत्र भारत के महान दूरदर्शी राजनेता-प्रशासक होने के साथ साथ प्रतिष्ठित वकील, बैरिस्टर तथा भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भी थे। उन्होंने 1928 में हुए बारदोली सत्याग्रह में किसान आंदोलन का सफल नेतृत्त्व भी किया। बारडोली सत्याग्रह आंदोलन के सफल होने के बाद वहां की महिलाओं ने वल्लभभाई पटेल को ‘सरदार’ की उपाधि प्रदान की थी। गांधी जी उन्हें बारदोली का सरदार कहकर पुकारा करते थे। उक्त जानकारी जिला काँग्रेस कमेटी शहडोल के मुख्य प्रवक्ता पीयूष शुक्ला ने प्रदान की। कार्यक्रम मे मुख्य रूप से जिलाध्यक्ष अजय अवस्थी, पूर्व जिलाध्यक्ष राकेश कटारे,पूर्व जिलाध्यक्ष नीरज द्विवेदी, पूर्व नगरपालिका उपाध्यक्ष कुलदीप निगम, वरिष्ठ कांग्रेसी रविंद्र तिवारी, महिला जिलाध्यक्ष संध्या सिंह, जिला मुख्य प्रवक्ता पीयूष शुक्ला, जिला उपाध्यक्ष अनुज मिश्रा, सोहागपुर ब्लाक अध्यक्ष शिव शंकर शुक्ला, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष सौरभ तिवारी,राजेश सोंधिया, हीरालाल सोनी, नईम अहमद, प्रीतम दास सोनी, राजू सोनी, विष्णु प्रताप सिंह, ओंकार सिंह, इकबाल अली, अतुल तिवारी, छोटू चौधरी,अजय सनपाल, राम दत्त द्विवेदी, रमेश जयसवाल, विमल कोर्चे आदि काँग्रेसजन उपस्थित रहे।

Leave A Reply

Your email address will not be published.