शहडोल (संजय गर्ग)। – जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास शालिनी तिवारी ने दिनांक 19 जनवरी को प्रकाशित समाचार बेटी जन्म से कुपोषित , बेटे का लगातार बढ़ रहा सिर का आकार के संबंध में वस्तु स्थिति पर जानकारी दी जनपद पंचायत सोहागपुर के ग्राम पचड़ी में मेरे एवं सीडीपीओ सोहागपुर आनंद अग्रवाल द्वारा तत्काल मौके पर पहुंचकर वास्तविकता की जांच की है। उन्होंने बताया कि बच्चा सचिन बैगा पुत्र आरती बैगा जिसका जन्म 1 जनवरी 2020 को जिला चिकित्सालय शहडोल में हुआ था जन्म के समय से ही बच्चा मानसिक बीमारी से पीडि़त था। जन्म के बाद बच्चे को 15 दिन एसएनसीयू में भी रखकर उपचार किया गया था।
ऑगनवाड़ी कार्यकर्ता जुगवंती बैगा द्वारा बच्चे की समय पर नियमित जांच की गई एवं वजन तथा लंबाई भी नापी गई एवं नियमित रूप से पोषण आहार भी दिया गया। जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास अधिकारी ने बताया कि खुद अपने समक्ष उन्होंने वजन एवं बच्चें की लंबाई तथा कुपोषण की जांच कराई। बच्चा सामान्य श्रेणी में पाया गया। बच्चें का पुन: जुलाई 2021 जिला चिकित्सालय एवं अप्रैल 2022 मेडिकल कॉलेज जबलपुर में उपचार किया गया। स्वास्थ्य विभाग के आरबीएसके की चिकित्सकीय टीम डॉ0 नीलिमा द्विवेदी के द्वारा बच्चें की जांच की गई बच्चा का सिर बीमारी की जटिलताओं के कारण सामान्य से बड़ा है तथा बच्चे को खड़े होने में कठिनाई हो रही थी। बच्चे का पंजीयन आरबीएसके की टीम के द्वारा कर उनका बड़ी अस्पताल में निशुल्क चिकित्सा उपचार के लिए पंजीयन कर लिया गया है।
कुपोषण नहीं मानसिक रूप से बीमार
जिसके बाद आरबीएसके योजना के अंतर्गत उनका उपचार कराया जाएगा। बच्चा कुपोषण से नही अपितु मानसिक रूप से बीमारी हाइड्रो सिफलिस बीमारी से पीड़ित है। इसी प्रकार उन्होंने बताया कि सचिन की बहन आराधना बैगा जो कक्षा एक में पढ़ रही है उनके स्वास्थ्य की जांच की गई वे कुपोषित नही हैऔर बच्ची मॉ आरती बैगा ने बताया कि बच्ची जब तक ऑगनवाडी में थी उसे नियमित पोषण आहार दिया गया एवं उसका वजन व लंबाई नापकर उसके कुपोषण की जांच की गई। बच्ची का स्वास्थ्य सामान्य है और उसे किसी प्रकार की बीमारी नही है। जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास ने बताया कि परिवार को राशन पहले मिल रहा था किन्तु परिवार से अलग होने पर परेशानी हो रही थी, मुख्यमंत्री जन सेवा शिविर में उनका राशन पात्रता पर्ची भी बनवा दी गई।
टीम के साथ पहुंचकर की जांच
इसी प्रकार जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास शालिनी तिवारी ने ग्राम खोहाई टीम के साथ पहुंचकर दैनिक समाचार पत्र में प्रकाशित समाचार की जांच की जिसमें पाया गया कि उदय पिता छोटेलाल सिंह जो जन्म से ही बहू विकलांग थे उन्हें विकलांगता प्रमाण पत्र भी प्रदान किया गया था तथा निशक्त जन पेंशन के साथ-साथ उसे शासन की अन्य योजनाओं का लाभ दिया जा रहा था।
जांच में पाया गया कि उदय जिन जिनकी उम्र 20 वर्ष थी वे अचानक बीमार पड़ने पर जिला चिकित्सालय शहडोल में भर्ती हुए जहां गंभीर पीलिया बीमारी के कारण 11 नवंबर 2022 को मृत्यु हो गई थी। तथा ग्राम खोहाई में लेखा टांडिया आंगनवाड़ी कार्यकर्ता पदस्थ हैं तथा उनके द्वारा नियमित रूप से आंगनबाड़ी द्वारा दी जा रही संदर्भित सेवाओं का लाभ दिया जा रहा है।
