शहडोल : नहीं थम रहे अपराधिक मामले, पिता एवं बेटों ने मिलकर बीच सड़क की मारपीट, पीड़ित के लुटे ₹42 हजार रुपए , ग्राम चंदोला के थाना देवलोद का मामला
नहीं थम रहे अपराधिक मामले,
पिता एवं बेटों ने मिलकर बीच सड़क की मारपीट,
पीड़ित के लुटे ₹42 हजार रुपए ,
ग्राम चंदोला के थाना देवलोद का मामला
बाणसागर (संजय गर्ग)। मामला जिले के देवलोद थाने के अंतर्गत ग्राम चंदोला का है।
जहां पर बीच सड़क पर पिता एवं बेटों ने मिलकर पीड़ित संजय बैस पिता रामसनेही बस के साथ मारपीट के मामले को अंजाम दिया।
एवं पीड़ित के ₹42 हजार रुपए की लूट की गई।
जिसकी शिकायत आज पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक से की।
मामला कुछ इस प्रकार
पीड़ित संजय बैस ने पुलिस अधीक्षक से शिकायत करते हुए बताया कि 6 जुलाई को दोपहर लगभग 2:30 बजे प्रार्थी टेलर वाहन लेकर घर की तरफ जा रहा था तभी राजू बैस पिता जुगू बैस ,अमित बैस, गोलू बैस , संत कुमार बैस , समस्त आरोपीगण द्वारा एकजुट होकर आए और बीच सड़क पर लाठी डंडा एवं पत्थर के साथ पीड़ित के ऊपर जानलेवा हमला कर दिया।
पीड़ित संजय बैस ने बताया कि आरोपी अमित और गोलू के द्वारा बड़े-बड़े पत्थरों से उसको मारने लगे जिससे पीड़ित के सर पर गंभीर चोट आई जिसके बाद समस्त आरोपियों के द्वारा ₹42 हजार की लूट भी पीड़ित के साथ की गई । साथी पीड़ित को अमर्यादित गाली गलौज की गई।
किसी प्रकार पीड़ित ने जान बचाकर वहां से निकलने का प्रयास किया तो आरोपी राजू बैस और विजय रजक के द्वारा पीड़ित को मारने के लिए 5 किलोमीटर तक उसका पीछा किया।
जिसके बाद वहां उपस्थित शिबू गौतम एवं अमृतलाल गुप्ता के द्वारा बीच-बचाव किया गया।
पूरे घटनाक्रम में पीड़ित को गंभीर चोटें आई।
दर्ज हुई एफआईआर पर नहीं हुई आरोपियों की गिरफ्तारी
पीड़ित ने बताया कि मारपीट के बाद पीड़ित ने दोवलोद थाने में एफ आई आर दर्ज करवाई उसने बताया कि समस्त आरोपीगण अपराधिक प्रवृत्ति के हैं एवं कई प्रकार के अपराधिक मामले भी इनके ऊपर थाने में दर्ज हैं।
जिसके बावजूद भी थाने में मौजूद सक्षम अधिकारियों द्वारा आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया।
उसने बताया कि आरोपियों के पास अवैध हथियार भी मौजूद है।
जिससे वह कभी भी किसी भी अप्रिय घटना को अंजाम दे सकते हैं।
पीड़ित एवं पीड़ित का परिवार डरा हुआ है।
उसने पुलिस अधीक्षक से समस्त आरोपी गणों की गिरफ्तारी की मांग की है ।
एवं उसके साथ हुए लूट के मामले को पुलिस ने .एफआईआर में दर्ज नहीं किया है।
अब देखना यह होगा कि क्या पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगाने के बाद पीड़ित को न्याय मिलता है या नहीं।
या फिर सरेआम बदमाशों द्वारा इसी प्रकार मारपीट की वारदातों को अंजाम दिया जाएगा।
इनका कहना
जब संबंध में थाना देवलोद टीआई से संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उनका फोन कवरेज क्षेत्र के बाहर आया।
टीआई देवलोद थाना जिला शहडोल
