जयसिंहनगर / शहडोल : टपकती छत और जर्जर बिल्डिंग से त्रस्त विद्यालय का स्टाफ , नौनिहालों की शिक्षा व्यवस्था बनी सवाल
टपकती छत और जर्जर बिल्डिंग से त्रस्त विद्यालय का स्टाफ , नौनिहालों की शिक्षा व्यवस्था बनी सवाल
जयसिंहनगर / शहडोल । विद्यालय की टपकती छत और दीवारों से झरता प्लास्टर जिले के शिक्षा विभाग की पोल खोल रहा है।
ननिहालों की शिक्षा व्यवस्था शहडोल जिले के संकुल केंद्र बराछ के जन शिक्षा केंद्र जयसिंहनगर के क्षेत्र में भ्रमण कर रहे सीएसी और बीएसी की अफसर शाही का नमूना पेश कर रही है जहां पर जन शिक्षा केंद्र जयसिंहनगर के ब्लॉक समन्वयक एवं जिले में बैठे जिम्मेदार जो की इस व्यवस्था के मूल बिंदु बने हुए।
विद्यालय की टपकती छत से लगातार गिरता पानी नौनिहालों की भविष्य पर और भविष्य में आने वाली सफलता पर पानी फेर रहा है लेकिन सूत्रों के अनुसार सर्व शिक्षा अभियान के अंतर्गत मरम्मत कार्य के नाम पर राशि तो आज आती है लेकिन कार्य नहीं होते हैं। लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्षेत्र में भ्रमण कर रहे और प्रतिनियुक्ति की मलाई छान रहे सीएससी और बीएसी भवनों को देखकर भी इसकी जानकारी जिले तक नहीं पहुंचते हैं। वहीं ये पुरा मामला शासकीय प्राथमिक विद्यालय कोइलरी
वही मध्यान भोजन बनाने के लिए जो कक्षा का प्रयोग किया जा रहा है वहां एक बारिश में ही पूरा कक्ष में पानी भर जाता है।
विद्यालय के प्रधानाध्यापक एवं वहां मौजूद स्टाफ द्वारा जानकारी दी गई थी लंबे समय से भवन जर्जर स्थिति में बना हुआ है लेकिन क्षेत्र के जो बीएसी और सीएसी है वह केवल आकर देख कर चले जाते हैं कोई कार्रवाई नहीं की जाती।

