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शहडोल : विश्व प्रसिद्ध अष्टभुजी रूप में अपने भक्तों को दर्शन का लाभ देते है सिंहपुर में विराजमान भगवान गजानन

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विश्व प्रसिद्ध अष्टभुजी रूप में अपने भक्तों को दर्शन का लाभ देते है सिंहपुर में विराजमान भगवान गजानन

शहडोल (संजय गर्ग) । गणेश चतुर्थी पर 300 साल बाद ब्रह्म, शुक्ल और शुभ योग का अद्भुत संयोग बना है. साथ ही स्वाति नक्षत्र और विशाखा नक्षत्र इस अद्भुत नक्षत्र में सिंहपुर में विराजमान अष्टभुजी गणेश महाराज जो अपनी माता के साथ सिंहपुर धाम में स्थापित हैं।

विश्व प्रसिद्ध गणपति की महिमा बहुत ही दूर-दूर तक ख्याति प्राप्त है,  

सिंहपुर गांव में स्थापित गणेश जी महाराज जो नृत्य करते हुए मुद्रा में है और विश्व प्रसिद्ध अष्टभुजी रूप में अपने भक्तों को दर्शन लाभ और आशीर्वाद देते हैं, इसका वर्णन शास्त्रों में भी किया गया है…

मुद्गल और गणेश पुराण में विघ्नहर्ता गणेश के 32 मंगलकारी रूप का वर्णन मिलता है, जोकि इस प्रकार हैं-

श्री बाल गणपति, तरुण गणपति, भक्त गणपति, वीर गणपति, शक्ति गणपति, द्विज गणपति, सिद्धि गणपति, उच्छिष्ट गणपति, विघ्न गणपति, क्षिप्र गणपति, हेरम्ब गणपति,लक्ष्मी गणपति, महागणपति,विजय गणपति, *नृत्य गणपति,* उर्ध्व गणपति, एकाक्षर गणपति, वर गणपति, त्र्यक्षर गणपति, क्षिप्रप्रसाद गणपति, हरिद्रा गणपति, एकदंत गणपति, सृष्टि गणपति, उद्दंड गणपति, ऋणमोचन गणपति, ढुण्ढि गणपति, द्विमुख गणपति, त्रिमुख गणपति, सिंह गणपति, योग गणपति, दुर्गा गणपति, संकष्टहरण गणपति।

सिंहपुर धाम में नृत्य गणपति के रूप में विराजमान हैं।

हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी सिंहपुर में गणेश चतुर्थी के पावन पर्व पर भगवान श्री गणेश की दिव्या पूजा भगवान के सुंदर पंचामृत स्नान दूध दही घी मधु और शर्करा से स्नान के बाद दिव्य सिंदूर सेवा के साथ भगवान को दिव्य वस्त्र पहनाकर सुंदर सिंगार कर भगवान का मोदक लड्डू की भोग लगाकर भगवान की आरती की गई, हर वर्ष की भांति गणेश जी महाराज की मनसा अनुसार एक भक्त जिसको भगवान चुनते हैं वह इस पूजा का सौभाग्य प्राप्त करते हैं इस वर्ष हमारे मनोज सिंह आर्मो को भगवान ने अवसर प्रदान किया ।

भगवत्कृपा गौ गोपाल सेवा संस्थान के सदस्यों के द्वारा विगत 15 वर्षों से भगवान गणेश जी की गणेश चतुर्थी पर सिंदूर सेवा पूजा निरंतर चली आ रही है इस वर्ष मां काली मंदिर समिति के सभी सदस्यों के द्वारा अम्बरीष श्रीवास्तव अध्यक्ष, अमरेंद्र तिवारी, अनूप तिवारी, रामानंद तिवारी,शिवनारायण द्विवेदी,अखिल द्विवेदी, राम जी शर्मा,पंडित सौरभ द्विवेदी ,मनीष शुक्ला , शेषनारायण पाण्डेय,

प्रकाश तिवारी, दीपेश तिवारी, आदेश तिवारी, सुरेंद्र पाण्डेय संदीप कुशवाहा, गुरुचरण कुशवाहा और सभी भक्तों के द्वारा इस बार भी भगवान गणेश के इस पावन महापर्व की उत्सव को सिंहपुर मंदिर में धूमधाम से मनाया ।

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